Wednesday, May 13, 2026
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चित्रकला दिवार को सुंदर दिखाने की वस्तु नहीं, यह संवेदनाओं और विचारों की अभिव्यक्ति है

11 मई,ग्वालियर ( कला प्रतिनिधि )। शहर में आईटीएम यूनिवर्सिटी की तरफ से कला वीथिका में एक बड़ी चित्रकला प्रदर्शनी आयोजित की गई। आईटीएम ग्लोबल स्कूल के आर्ट मीट 2018 की यह विशिष्ट प्रदर्शनी थी। इसमें 13 प्रदेशों के 28 चित्रकारों का काम प्रदर्शित किया गया। कलाकारों ने आईटीएम ग्लोबल स्कूल परिसर में अपनी पेटिंग्स तैयार की थी।

शुभारंभ समारोह में संयोजक मनीष पुस्कले ने कहा कि हर चित्र के पीछे कलाकार का अपना एक दृष्टिकोण होता है जिसे वो अपने कलागत अनुभव और नये प्रयोग के साथ दर्शकों के सामने प्रस्तुत करता है। इसलिये चित्रों को ध्यान से देखना और समझना जरूरी है। आईटीएम यूनिवर्सिटी के चांसलर रमाशंकर सिंह ने कहा कि चित्र सिर्फ दीवारों को सुंदर दिखाने वाली वस्तु नहीं है, असल में यह विचारों और संवेदनाओं की अभिव्यक्ति है। शुभारंभ समारोह में यूनिवर्सिटी के मैनेजिंग डायरेक्टर डाॅ दौलत सिंह, वीसी डॉ. केके द्विवेदी भी मौजूद थे।

चित्रकला प्रदर्शनी में प्रतुल दास, विनोद शर्मा, सुधांशु सुतार, फरहाद हुसैन,धर्मेंद्र राठौर, रजनीश सिंह, बिनाॅय वर्गीस, असित पटनायक, गोविंद बिस्वास, लक्ष्मण ऐले, आनंद पांचाल, पियाली घोष, हुकुम लाल वर्मा, मनीष पुस्कले, सतीश भाइसारे, बसंत भार्गव, प्रेम सिकरवार, दिलीप शर्मा, वाहिदा अहमद, मोनिका, मुकुंद केतकर आदि की कलाकृतियां प्रदर्शित की गई। दर्शकों ने इनकी प्रशंसा की। कलाकारों को शुभकामनाएं दीं।

 

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