कठुआ में 8 साल की मासूम बच्ची आसिफ़ा के साथ हुए बर्बर बलात्कार और हत्या के मामले पर देश स्तब्ध है। इंसानी जज़्बों से भरे हर भारतीय का दिल रो रहा है। इस अमानुषिक दुष्कृत्य ने संवेदनशील कवि वैभव गुप्ता को भी झकझोरकर रख दिया है।बलात्कार की यह वारदात एक मंदिर में अंजाम दी गई , इसलिये इस कविता में उन्होंने यह सवाल भी पूछा है..
//उस आठ साल की बच्ची ने कैसे ये दर्द सहा होगा / उस मंदिर में बैठा ईश्वर कैसे मूक रहा होगा //
इस कविता में सुनिये उनकी यही वेदना।